भारतीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और अभिनव नीति


 

भारतीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और अभिनव नीति (आईएसटीआईपी)- 12वीं पंच वर्षीय योजना के अंतर्गत सुप्रा संस्‍थानिक परियोजना (2012-2017)

भारतीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और अभिनव नीति (स्टिप) शोध परियोजना का उद्देश्य सीएसआईआर तथा देश में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और नवाचार संबंधी निर्णय लेने के लिए महत्वपूर्ण इनपुट उपलब्ध कराना है । साथ ही ऐसी अभिनव कार्ययोजाएं तैयार करना है जो अत्यावश्यक समस्याओं को संबोधित करने के लिए हस्तक्षेपों पर आधारित प्रौद्योगिकी में योगदान कर सकें । इस परियोजना का उद्देश्य सीएसआईआर तथा अन्य सार्वजनिक संस्थाओं को नवाचार के लिए नीति निर्माण तथा कार्ययोजना तैयार करने हेतु साक्ष्य आधारित डाटा एवं एनालाइटिक्स उपलब्ध कराना भी है । इस परियोजना का उद्देश्य भारत में कारकों तथा एजेंटों के मापन पर ध्यान केंद्रित करके उपर्युक्त क्षेत्रों में समीक्षात्मक ज्ञान विषताओं को संबोधित करना है, जिसमें विभिन्न तकनीकी व आर्थिक क्षेत्र भारत और अन्य संबंंधित देशों मेंं ज्ञान के विविध रूपों के परिणाम तैयार करने की क्षमता शामिल है । भारत की तुलनात्मक शक्तियों तथा विषमताओं का महत्वपूर्ण मूल्यांकन, क्षमताओं के व्यापक संदर्भ में एवं विज्ञान व प्रौद्याेगिकी के परिणाम और उन्नत और उभरती हुई अर्थव्यवस्थाओं के परिणामोंं के भीतर किया जाता है ।      

इस परियोजना के मुख्य उद्देश्य निम्न प्रकार हैं: 

  • सरकार के लिए नवाचार नीति निदेश

  • सूक्ष्म, लघु, मध्यम उद्यम क्षेत्र: अवसर, नीति विषमता एवंं  कार्रवाई

  • भारत में विज्ञान व प्रौद्योगिकी नवाचार के प्रमात्मक उपाय

  • भारत की नवाचार क्षमताओं/ समय के साथ प्रगति, क्षेत्र एवं सेक्टर का निर्णय लेने के लिए नवाचार सूचकांक तैयार करना

  • संसाधनों के प्रवासी पहलुओं तथा तुलनात्मक क्षमताओं के संबंध में भारत की मानव शक्ति का विश्लेषण

  • जल, हरित प्रौद्योगिकी, उच्च प्रौद्योगिकी एवं ऊर्जा क्षेत्र पर प्रौद्योगिकी की क्षेत्र रिपोर्ट तैयार करना 

मुख्य उद्देश्यों  को पूरा करने के लिए  प्राप्त मील के पत्थर :

1. भारत विज्ञान व प्रौद्योगिकी रिपोर्ट: इसमें विज्ञान व प्रौद्योगिकी एवं मानव संसाधन; नवाचार सहायता व्यवस्था; विज्ञान व प्रौद्योगिकी तथा उद्योग, विज्ञान व प्रौद्योगिकी आउटपुट तथा पेटेन्ट एवं ग्रामीण विकास और कार्ययोजनाओं से संबंधित विषय शामिल हैं ।     

  • भारत विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, खंड 1, सीएसआईआर-निस्केयर, नई दिल्ली द्वारा प्रकाशित, 2010 

  • भारत विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, खंड 2, कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय प्रैस, इंडिया प्रा. लि., नई दिल्ली द्वारा प्रकाशित । भारत के महामहिम राष्ट्रपति श्री प्रणव मुखर्जी तथा केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और पृथ्वी विज्ञान मंत्री श्री जयपाल रेड्डी ने राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस, 2013 के अवसर पर इसका अधिकारिक विमोचन किया ।  

  • भारत विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी, खंड 3, कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय प्रैस, इंडिया प्रा. लि., नई दिल्ली द्वारा प्रकाशित ।   

2. नवाचार नीति बुलेटिन:

  • भारत के शोध व विकास में विदेशी प्रत्यक्ष निवेश: नातिगत पहलू 

  • भारत में वैज्ञानिक शोध: बिब्लियोमीट्रिक संकेतकों से अंतदृष्टि प्राप्त करना 

  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी की डायनैमिज्म तथा चीन मेंं विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी और नवाचार नीतियोंं की भूमिका

  • भारतीय नवाचार व्यवस्था में राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद की भूमिका: नीति परिप्रेक्ष्य 

  • जल क्षेत्र में नैनोटेक्नोलॉजी अनुप्रयोग

  • भारतीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों में नवाचार बढ़ाना: भारतीय परिप्रेक्ष्य 

  • अफोर्डेबिल स्वास्थ्य उपचार: भारतीय परिप्रेक्ष्य 

  • भारत में जल की शोध व विकास, ट्रेंड्स एवं हस्तक्षेप

  • भारतीय खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों के लिए फूड फौर थॉट पॉलिसी का विकल्प 

  • नैनोटेक्नोलॉजी शोध, नवाचार एवं व्यापारीकरण: भारतीय परिप्रेक्ष्य 

  • नोलेज फ्लो फ्रॉम गवर्नमेंट आरएंडडी इंस्टीट्यूशन्स टू प्राइवेट सेक्टर इंडस्ट्री एंड इट्स रोल इन वैल्यू ऐडीशन 

  • प्रभावी विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी हस्तक्षेप: मानव संसाधन विकास, उद्योग (सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम), नवाचार तथा ग्रामीण कौशल और रोजगार  

  • भारत में फसलोत्तर प्रबंधन में फलों और सब्जियों के नीतिगत मुद्दे

3. सेक्टरल रिपोर्ट:

4. डिसेमिनेशन वर्कशॉप तथा आउटरीच प्रोग्राम:

  • एनआईटी, सिल्चर, असम के साथ सहयोग से 25-26 नवंबर, 2013 के दौरान इनोवेटिंग इंडिया: दो दिवसवीय कार्यशाला । 

  • 14 फरवरी, 2014 को सीएसआईआर-निस्टैड्स, नई दिल्ली में “मीजरिंंग साइंस- ए बिब्लियोमीट्रिक अप्रोच: एक दिवसीय कार्यशाला ।     

  • 23 जुलाई 2014 को पंजाब राज्य विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद तथा पंजाब नवाचार परिषद के साथ संयुक्त रूप से ‘इनोवेशन फौर इंंक्लूसिव ग्राेथ एंंड एन्टरप्रिन्योरशिप जनरेशन’ पर एक दिवसीय कार्यशाला । 

  • ‘इनोवेशन लैंडस्केप’  25 नवंबर, 2014, सीएसआईआर-निस्टैड्स, नई दिल्ली

  • 15 अक्टूबर, 2015 को इंडिया इंटरनेशनल सेंटर, नई दिल्ली में  "विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं निर्माण में नवाचार " पर राष्ट्रीय कार्यशाला । 

  • नेटवर्किंग विद इंडस्ट्री- अकैदमी लिंकेजैज विद आईआईटी रुड़की, रुड़की (उत्तराखंड), आईआईटी, दिल्ली, अलीगढ़ मुस्लिम विश्ववविद्यालय, अलीगढ़ (उ. प्र.), क्लस्टर इनोवेशन सेंटर (सीआईसी), दिल्ली विश्वविद्यालय, दिल्ली, टाटा एनर्जी रिसर्च इंस्टीट्यूट (टेरी), नई दिल्ली, नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस्ड स्टडीज (एनआईएएस), बैंगलुरु, एनआईटी, सिल्चर, असम, स्टेट एसएंडटी काउंसिल ऑफ उत्तर प्रदेश, लखनऊ एवं पंंजाब स्टेट एसएंडटी काउंसिल, चंंडीगढ़ 

नोडल वैज्ञानिक

क्र. सं.

S. NO

नाम

Names

पद

Designation

ई-मेल आईडी

Email IDs

ओसिस लॉगिन

OASIS LOGIN

1

 डाॅ. सुजीत भट्टाचार्य                     

 वरि. प्रधान वैज्ञानिक                      

sujit@nistads.res.in

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2

 डॉ. तबस्सुम ज़माल                   

प्रमुख वैज्ञानिक                              

tabassum@nistads.res.in

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3

डॉ. संंजीब पोहित                        

वरि. प्रधान वैज्ञानिक                      

spohit@nistads.res.in

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4

डॉ. योगेश सुमन                        

प्रधान वैज्ञानिक                    

yogeshsuman@nistads.res.in

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टीम के सदस्य:

प्रतिभागी वैज्ञानिक

एन. मृणालिनी, जी.डी. संध्या, मुहम्मद रईस, विपन कुमार, कस्तूरी मंडल, अविनाश क्षितिज, एस. वाकडीकर, मधुलिका भाटी, वाई. माधवी, आर. रैना, नरेश कुमार, एल. पुलाम्ते, अनुराधा सिंह एवं सतपाल सांंगवान   

 

प्रतिभागी तकनीकी अधिकारी

प्रवीण शर्मा, माला बहल, रेनू जेठी, सुरेश कुमार, अनिल शर्मा, रम्मी कपूर, ए. के. भारद्ववाज एवंं कश्मीरी लाल                                                                                                                        .

 

परियोजना सहायक (वरि. परियोजना फैलो/ परियोजना फैलो) 

एसपीएफनितेश कुमार यादव, सुश्री शिल्पा, सुश्री मेघा गर्ग, सुधाकर एवं सुश्री ज्योति कुशवाहा 

परियोजना फैलो: सुश्री प्रीती, संबुल नकवी, रेहान अहमद, स्वे्च्छा गर्ग एवं सुश्री शेरीन कुरविला